उत्तराखंड में 42 डिग्री से अधिक तापमान ने 20 साल का रिकॉर्ड तोड़ा

Dehradun Uttarakhand

उत्तराखंड के हल्द्वानी शहर में गर्मी से लोग बेहाल हैं। रविवार को हल्द्वानी में 42.2 डिग्री सेल्सियस का तापमान हुआ। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि लगभग 20 साल पहले मई में 41.8 डिग्री का सर्वाधिक तापमान हुआ था।

गर्मी ने हल्द्वानी की जनता को बेहाल कर दिया है। लोग दिन भर उमस भरी गर्मी से बेहाल रहे। रविवार को हल्द्वानी में नौतपा काल (ज्येष्ठ नक्षत्र में सबसे गर्म नौ दिन) में 42.2 डिग्री सेल्सियस का तापमान हुआ। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि लगभग 20 साल पहले मई में 41.8 डिग्री का सर्वाधिक तापमान हुआ था।

पंतनगर कृषि विश्वविद्यालय के मौसम जानकार डॉ. आरके सिंह ने बताया कि मई में पहले कभी ऐसा तापमान नहीं था। मई में 41.8 डिग्री का रिकॉर्ड लगभग दो दशक पहले था। बताया गया कि नौतपा के दौरान जेठ में सबसे गर्मी होती है। तापमान अन्य महीनों में इतना अधिक नहीं होता। 25 मई से नौतपा काल शुरू हुआ है और दो जून तक जारी रहेगा। जब सूर्य पृथ्वी के सबसे नजदीक आता है, तो धरती का तापमान बढ़ता है। मैदानी क्षेत्रों में गर्मी बनी रहेगी, लेकिन पर्वतीय जिलों में हल्की बारिश होगी।

मौसम विभाग देहरादून ने अगले पांच दिनों में पर्वतीय जिलों में हल्की बारिश और तेज हवाओं का यलो अलर्ट जारी किया है। बहुत गर्मी के चलते सड़कों पर बहुत कम लोग निकले। लोग सिर और मुंह पर कपड़ा डालकर घरों से निकले।

 

26 मई का 2011 से तापमान ( डिग्री सेल्सियस में)

वर्ष – तापमान

2011 – 37

2012- 36.5

2013- 36.8

2014- 38

2015- 32.5

2016- 38.2

2017- 38.5

2018- 38.5

2019- 38.5

2020 – 38.5

2021 – 16.6

2022 – 39

2023 – 33

2024 – 42.2

गर्मी में परेशान रहे लोग
हल्द्वानी में गर्मी में बार-बार बिजली जाने से रविवार को ग्रामीण और शहर क्षेत्र के हजारों उपभोक्ता परेशान रहे। इस दौरान कमलुवागांजा, लालकुंआ और गौलापार में उपभोक्ताओं को परेशानी झेलनी पड़ी। बार-बार हो रही कटौती से उपभोक्ताओं के साथ इलेक्ट्रॉनिक व्यवसायियों को दिक्कतें झेलनी पड़ी। विद्युत वितरण खंड ग्रामीण के ईई डीडी पांगती ने बताया कि छोटी शिकायतों के लिए सप्लाई रोकी गई है जिसे कुछ ही समय में सुचारू करा दिया गया था।